हरियाणा (दैनिक रियलिटी विशेष ग्राउंड रिपोर्ट): New Expressways : दिल्ली और आसपास के क्षेत्र के लोगों के लिए बड़ी खबर है।। इस पूरे घटनाक्रम को लेकर संबंधित अधिकारियों व स्थानीय स्तर पर आवश्यक संज्ञान लिया जा रहा है। प्राप्त विश्वसनीय जानकारियों व प्राथमिक तथ्यों के अनुसार, पूरे मामले को लेकर विभागीय स्तर पर आवश्यक पड़ताल जारी है ताकि घटनाक्रम से जुड़े हर पहलू की प्रामाणिक स्थिति स्पष्ट हो सके।
मामले की पूरी पृष्ठभूमि और क्या है पूरा घटनाक्रम?
क्योंकि दिल्ली में 3 लिंक एक्सप्रेसवे बनने वाले हैं।। इसके तहत नजफगढ़-मुंडका, द्वारका-बहादुरगढ़ एक्सप्रेसवे को रफ्तार मिलेबी और यमुना पार नोएडा-गाजियाबाद तक सुपरफास्ट कनेक्टिविटी मिलेगी।। इसके लिए सुपरफास्ट कनेक्टिविटी दिल्ली मास्टर प्लान 2041 के पहले अर्बन एक्सटेंशन रोड के विस्तार के कार्य में तेजी लाई गई है।। इस परियोजना से नजफगढ़, मुंडका, द्वारका, ट्रोनिका सिटी जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों को सुलभ कनेक्टिविटी मिलने की राह साफ हो जाएगी।।
| समाचार बिंदु | ताज़ा विवरण व स्थिति |
|---|---|
| मुख्य घटनाक्रम | 120 मिनट का सफर महज 35 मिनट में होगा तय, हरियाणा समेत क |
| संबंधित क्षेत्र / ज़िला | पानीपत, सोनीपत, रोहतक |
| संबंधित संस्था / विभाग | संबंधित राज्य विभाग व स्थानीय प्रशासन |
| प्रमुख तथ्य व आंकड़े | 4400 करोड़ |
अधिकारियों, पुलिस व जांच दल की क्या है भूमिका?
ऐसे में दिल्ली से उत्तराखंड, पंजाब और हरियाणा की ओर जाने वाले वाहन चालकों को दिल्ली अंदर नहीं जाना पड़ेगा।। दिल्ली के 3 बड़े लिंक कॉरिडोर के लिए तैयार की गई परियोजना के तहत अर्बन एक्सटेंशन रोड-2 से 20 किमी लंबा दिल्ली-कटरा एक्सप्रेसवे, दूसरी ओर अर्बन एक्सटेंशन रोड यानी UER-II से 17 किमी लंबा ट्रोनिका सिटी लिंक और इसके साथ ही 35 किमी का दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे से नोएडा कॉरिडोर को जोड़ा जाएगा।। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया यानी NHAI ने दिल्ली की कनेक्टिविटी और अधिक बेहतर बनाने के लिए खास प्लान तैयार किया है।। इसके तहत ही नई 3 नई सड़कों की परियोजना पर काम शुरू होगा।। वर्तमान समय में बात की जाए तो इन परियोजना के लिए डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट यानी डीपीआर तैयार की जा रही है।।
'प्रशासनिक स्तर पर पूरे मामले की बारीकी से मॉनिटरिंग की जा रही है। कानून और स्थापित नियमों के तहत निष्पक्ष जांच और त्वरित कार्रवाई हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है।' - संबंधित प्राधिकारी
स्थानीय जनजीवन, नागरिकों व व्यवस्था पर सीधा असर
इस पूरे मामले का स्थानीय नागरिकों और संबंधित क्षेत्र के लोगों पर सीधा और व्यापक प्रभाव देखा जा रहा है। जनहित को प्राथमिकता देते हुए प्रशासनिक तंत्र ने सभी संबंधित अधिकारियों को फील्ड में सक्रिय रहने और किसी भी तरह की समस्या का त्वरित समाधान करने के निर्देश दिए हैं।
अब इस डीपीआर को मंजूरी का इंतजार है।। जैस ही इसको एनएचएआई की ओर से मंजूरी मिलती है, इसके लिए निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा।। इसके बाद दिल्ली के विभिन्न हिस्सों से उत्तराखंड, पंजाब और हरियाणा की ओर जाने का रास्ता पहले से कहीं आसान और बेहतर हो जाएगा।। क्योंकि फिर कहीं भी दिल्ली की भी दिल्ली की भीड़ में लोग नहीं फसेंगे।। जैसे ही यह परियोजना पूरी जो जाएगी, इसका जुड़ाव नोएडा एक्सप्रेसवे से हो जाएगा।। इससे काफी बेहतर हाईवे की सुविधा मिलेगी।। इसके लिए करीब 35 किलोमीटर लंबे कॉरिडोर का निर्माण किया जाना है और इस पर लगभग 4400 करोड़ रुपये खर्च होने की संभावना है।। सबसे बड़ी बात यह है कि यह एक्सप्रेसवे समूथ ड्राइविंग के लिए होगा।। यानी इसमें न तो कोई अंडरपास होगा और न ही कट की व्यवस्था दी जा रही है।। यानी वाहन सीधे फर्राटा भर सकेंगे।। इससे उत्तरी, उत्तर-पश्चिमी और दक्षिण-पश्चिमी दिल्ली से आने और जाने के लिए सीधा रास्ता मिलेगा।। क्योंकि अभी लोगों को इस रास्ते पर आने के लिए नोएडा आना पड़ता है।। इसमें करीब 2 घंटे का समय लगता है।। यह सुविधा मिलने के बाद पूरा रास्ता करीब 35 मिनट में तय हो जाएगा।। साथ ही इस रास्ते के खुलने से दिल्ली के अक्षरधाम, मयूर विहार, गाजीपुर, आनंद विहार और कड़कड़डूमा भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में भी वाहनों का दबाव कम होगा।। यदि किसी को उत्तराखंड, यूपी की ओर से नोएडा की ओर जाना है तो अब पूर्वी दिल्ली नहीं जाना पड़ेगा।। क्योंकि यह बनया बनने वाला कॉरिडोर दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे और नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे सीधा जोड़ देगा।। साथ ही यहां पर करीब 20 किलोमीटर लंबा लिंक रोड अर्बन एक्सटेंशन रोड-2 (UER-II) दिल्ली-अमृतसर-कटरा एक्सप्रेसवे से जोड़ देगा।। इससे जिन वहानों को दिल्ली जम्मू-कश्मीर, पंजाब, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश जाना है, वे सीधे निकल सकेंगे।। साथ पश्चिमी दिल्ली के क्षेत्रों जैसे नजफगढ़, मुंडका, द्वारका के अलावा बहादुरगढ़ की ओर से आने वाले वाहना केएमपी से दिल्ली - कटरा एक्सप्रेसवे जाने की बजाय बहादुरगढ़ बाईपास से सीधे NH-9 एवं यूईआर-II से जुड़ जाएंगे।। इसके अलावा बहादुरगढ़ - कंझावला की कनेक्टिविटी के लिए भी तीसरा रिंग रोड बनाया जाना है।। इस मार्ग से दिल्ली, गुरुग्राम व इंदिरा गांधी एयरपोर्ट से दिल्ली-अमृतसर-कटरा एक्सप्रेसवे पर जाने वाले वाहनों को KMP के रास्ते जाने की जरूतर नहीं है।। क्योंकि UER-II का सीधा जुड़ाव दिल्ली-कटरा एक्सप्रेसवे से हो जाएगा।। हरियाणा राजस्थान के वाहनों के लिए यह रास्ता इसके अलावा हरियाणा और राजस्थान की ओर से आने वाले वाहनों के लिए 17 किलोमीटर लंबा कॉरिडोर बनेगा।। यह सड़क UER-II से ट्रोनिका सिटी से जुड़ जाएगा।। इससे राजस्थान और हरियाणा से आने वाले वाहनों को दिल्ली में प्रवेश किया बिना ही आसानी से देहरादून हाईवे का रास्ता मिल जाएगा।। इसी तीसरे रिंग रोड से उत्तर प्रदेश के ट्रांस-यमुना क्षेत्र और गाजियाबाद को भी जोड़ा जाएगा।। ऐसे में सोनीपत, रोहतक, पानीपत या राजस्थान, गुरुग्राम से जिन वाहनों को देहरादून-हरिद्वार जाना होगा, उनको भी सीधा रास्ता मिल जाएगा।।
आगे की कानूनी व प्रशासनिक कार्रवाई और आगामी कदम
आगामी दिनों में इस पूरे मामले को लेकर विभागीय स्तर पर उच्चस्तरीय समीक्षा की जा सकती है, जिसके आधार पर आगे की कार्ययोजना तय होगी। दैनिक रियलिटी की विशेष ग्राउंड रिपोर्टिंग टीम पूरे मामले पर लगातार नजर बनाए हुए है और पाठकों तक सबसे पहले प्रामाणिक जानकारी पहुंचाती रहेगी।




