हरियाणा सरकार ने प्रशासनिक दक्षता बढ़ाने और स्थानीय स्तर पर जनसुविधाओं को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से फतेहाबाद जिले के वित्त विभाग के ढांचे में महत्वपूर्ण फेरबदल किया है। वित्त विभाग द्वारा जारी आधिकारिक निर्देशों के तहत सहायक कोषागार अधिकारी (ATO) की तैनाती में बदलाव किया गया है, ताकि सरकारी वित्तीय सेवाओं का लाभ नागरिकों को बिना किसी बाधा के मिल सके।
विकास कार्य / जनसुविधा का पूरा ब्योरा और रूट
प्रशासन द्वारा जारी ताजा आदेश के अनुसार, भट्टू कलां उप-कोषागार में कार्यरत सहायक कोषागार अधिकारी सुनीता देवी का स्थानांतरण अब जाखल उप-कोषागार में किया गया है। यह निर्णय स्थानीय स्तर पर सरकारी वित्तीय लेनदेन को सुचारू बनाने और प्रशासनिक कार्यों में गति लाने के लिए लिया गया है। जाखल क्षेत्र में रिक्त पड़े इस पद को भरने से सरकारी राजस्व और पेंशन संबंधी कार्यों में तेजी आएगी।
उल्लेखनीय है कि इससे पहले विभाग ने सुनीता देवी का तबादला उप-कोषागार सिवानी (भिवानी) के लिए किया था। हालांकि, 6 नवंबर को जारी नए पत्र के माध्यम से पिछले आदेश को संशोधित कर दिया गया है। अब जाखल उप-कोषागार को प्राथमिकता देते हुए वहां अधिकारी की तैनाती सुनिश्चित की गई है, जिससे फतेहाबाद जिले के भीतर ही प्रशासनिक रूट को संतुलित रखा जा सके।
| परियोजना / जनसुविधा | डिपो / विभाग व लाभ |
|---|---|
| सहायक कोषागार अधिकारी नियुक्ति | वित्त विभाग, हरियाणा (प्रशासनिक सुदृढ़ीकरण) |
| कार्यक्षेत्र स्थानांतरण | उप-कोषागार भट्टू कलां से जाखल (फतेहाबाद) |
| प्रशासनिक उद्देश्य | जाखल में रिक्त पद को भरना और वित्तीय कार्य सुचारू करना |
| जनसुविधा लाभ | पेंशन और चालान संबंधी कार्यों में त्वरित निष्पादन |
स्थानीय नागरिकों और यात्रियों को मिलने वाला लाभ
जाखल उप-कोषागार में सहायक कोषागार अधिकारी की स्थाई नियुक्ति से स्थानीय नागरिकों, विशेषकर बुजुर्ग पेंशनभोगियों और सरकारी कर्मचारियों को बड़ी राहत मिलेगी। अक्सर अधिकारियों की कमी के कारण वित्तीय दस्तावेजों के सत्यापन और भुगतान प्रक्रियाओं में विलंब होता था, जो अब इस नई तैनाती के बाद दूर होने की उम्मीद है।
इसके अलावा, स्थानीय व्यापारियों और आम जनता को सरकारी चालान जमा करने और ट्रेजरी से जुड़े अन्य कार्यों के लिए अब लंबी प्रतीक्षा नहीं करनी पड़ेगी। प्रशासनिक सुधार का यह कदम सीधे तौर पर जनसुविधा को बेहतर बनाने और सरकारी सेवाओं को जनता के द्वार तक सुलभ बनाने की दिशा में एक सकारात्मक पहल है।
प्रशासन की समय-सीमा और जमीनी क्रियान्वयन
वित्त विभाग ने अपने आदेश में स्पष्ट रूप से उल्लेख किया है कि इन निर्देशों को तत्काल प्रभाव से अमल में लाया जाए। सुनीता देवी को निर्देश दिए गए हैं कि वे बिना किसी अतिरिक्त समय लिए जाखल उप-कोषागार में अपना कार्यभार संभालें। प्रशासन का मुख्य लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि ट्रांजिशन की इस अवधि के दौरान जनता के किसी भी काम में रुकावट न आए।
आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि इस स्थानांतरण के कारण संबंधित अधिकारी को कोई अतिरिक्त पारिश्रमिक या यात्रा भत्ता (TA/DA) देय नहीं होगा। यह प्रशासनिक मितव्ययिता और जनहित को सर्वोपरि रखने की नीति को दर्शाता है। सरकार का ध्यान अब पूर्णतः जाखल क्षेत्र में वित्तीय सेवाओं के जमीनी क्रियान्वयन को सुदृढ़ करने पर केंद्रित है।
शहरवासियों की प्रतिक्रिया और आगामी कदम
जाखल और आसपास के क्षेत्र के नागरिकों ने सरकार के इस निर्णय का स्वागत किया है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि उप-कोषागार में अधिकारी की नियुक्ति से उन्हें छोटे-छोटे कार्यों के लिए जिला मुख्यालय के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। यह कदम प्रशासनिक विकेंद्रीकरण की दिशा में एक सराहनीय प्रयास माना जा रहा है।
आगामी समय में हरियाणा सरकार अन्य उप-कोषागारों में भी मानव संसाधन की कमी को दूर करने के लिए इसी प्रकार के कदम उठा सकती है। प्रशासन का उद्देश्य आने वाले वित्तीय महीनों में डिजिटल ट्रेजरी सेवाओं के साथ-साथ व्यक्तिगत सेवा वितरण प्रणाली को और अधिक पारदर्शी और त्वरित बनाना है, ताकि विकास की गति बनी रहे।




