हरियाणा के साइबर सिटी गुरुग्राम में चर्चित लेडी बाइकर शिवानी चौहान उर्फ सिया के साथ हुई हिट एंड रन की घटना में पुलिस की विशेष जांच टीम (SIT) ने अपनी तफ्तीश मुकम्मल कर ली है। जांच में जो तथ्य सामने आए हैं, वे बेहद चौंकाने वाले हैं। एसआईटी की रिपोर्ट के अनुसार, गोल्फ कोर्स रोड पर हुई यह घटना कोई सामान्य सड़क दुर्घटना नहीं थी, बल्कि इसे जानबूझकर अंजाम दिया गया था। पुलिस कमिश्नर को सौंपी गई इस विस्तृत रिपोर्ट में मुख्य आरोपी और पलवल के निवासी कबड्डी खिलाड़ी कल्याण बैंसला के उन तमाम दावों की पोल खुल गई है, जो उसने अपनी गिरफ्तारी के बाद पुलिस के सामने पेश किए थे।
जांच में हुआ बड़ा खुलासा: हादसा नहीं, जानबूझकर मारी गई टक्कर
एसीपी (क्राइम अगेंस्ट वूमेन) सुशीला के नेतृत्व वाली 5 सदस्यीय विशेष जांच टीम ने घटनाक्रम का बारीकी से विश्लेषण किया है। जांच टीम ने तकनीकी साक्ष्यों और घटनास्थल के पुनर्निर्माण (Scene Recreation) के आधार पर यह निष्कर्ष निकाला है कि आरोपी ने द्वेष भावना के तहत लेडी बाइकर की Aprilia RS 457 बाइक को टक्कर मारी थी। पुलिस सूत्रों का कहना है कि आरोपी कल्याण बैंसला ने पूछताछ के दौरान खुद को निर्दोष बताने के लिए जो तीन मुख्य तर्क दिए थे, उन्हें एसआईटी ने वैज्ञानिक और चश्मदीदों के बयानों के आधार पर पूरी तरह खारिज कर दिया है।
| विवरण | महत्वपूर्ण जानकारी |
|---|---|
| मुख्य पीड़िता | शिवानी चौहान (सिया), लेडी बाइकर |
| मुख्य आरोपी | कल्याण बैंसला (कबड्डी खिलाड़ी) |
| घटना का स्थान | गोल्फ कोर्स रोड, गुरुग्राम |
| जांच टीम प्रमुख | एसीपी सुशीला (SIT प्रमुख) |
| घटना की तारीख | 13 सितंबर, 2024 |
| आरोपी का निवास | टिकरी गुर्जर, पलवल |
| लगाई गई धाराएं | हत्या का प्रयास (IPC 307) व अन्य |
आरोपी कल्याण बैंसला का प्रोफाइल और विवादित पृष्ठभूमि
32 वर्षीय कल्याण बैंसला मूल रूप से पलवल के गांव टिकरी गुर्जर का रहने वाला है और एक संपन्न किसान परिवार से ताल्लुक रखता है। उसके पिता धीरज बैंसला क्षेत्र के प्रतिष्ठित व्यक्ति और पूर्व नंबरदार रहे हैं। स्नातक तक शिक्षित कल्याण का दावा है कि वह एक अंतरराष्ट्रीय स्तर का कबड्डी खिलाड़ी है, हालांकि पुलिस अब उसके इन दावों की सत्यता की भी जांच कर रही है। जांच में यह भी सामने आया है कि कल्याण पलवल में 'KBT' नाम से एक जिम संचालित करता था, जो पिछले दो महीनों से किराए के विवाद के चलते बंद पड़ा था। बिल्डिंग मालिक के साथ हुए विवाद और जिम पर लगे ताले ने आरोपी की मानसिक स्थिति और हालिया व्यवहार पर भी सवाल खड़े किए हैं।
"SIT ने मामले के हर पहलू की गहराई से जांच की है। आरोपी के दावे तकनीकी साक्ष्यों से मेल नहीं खाते। हम अगले एक सप्ताह के भीतर अदालत में पुख्ता चार्जशीट दाखिल करेंगे ताकि पीड़िता को न्याय मिल सके।" - जांच टीम से जुड़े वरिष्ठ अधिकारी
रोडरेज की भयावहता और सामाजिक प्रभाव
यह मामला 13 सितंबर की सुबह का है जब सिया अपने बाइकिंग ग्रुप के साथ राइड पर निकली थीं। आरोप है कि आरोपी ने अपनी कार से न केवल बाइक का पीछा किया, बल्कि अश्लील इशारे भी किए। जब पीड़िता ने विरोध किया, तो आरोपी ने जानबूझकर उसकी बाइक को टक्कर मार दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो सकती थीं। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पूरे देश में महिला सुरक्षा और सड़कों पर बढ़ते रोडरेज को लेकर बहस छिड़ गई थी। गुरुग्राम पुलिस ने इस मामले में तत्परता दिखाते हुए आरोपी को राजस्थान से गिरफ्तार किया था।
कानूनी कार्रवाई और आगामी कदम
गुरुग्राम पुलिस अब इस मामले में चार्जशीट का ड्राफ्ट तैयार कर चुकी है। पुलिस का लक्ष्य है कि सात दिनों के भीतर इसे न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश कर दिया जाए। चार्जशीट में आरोपी के खिलाफ हत्या के प्रयास (धारा 307) जैसी गंभीर धाराओं को बरकरार रखा गया है। एसआईटी की यह रिपोर्ट आरोपी की जमानत की राह में सबसे बड़ा रोड़ा साबित होगी, क्योंकि जांच में 'साजिश' (Conspiracy) का पहलू स्पष्ट रूप से जुड़ गया है। पुलिस अब आरोपी के चचेरे भाई लवनीश की भूमिका की भी गहनता से समीक्षा कर रही है, जो घटना के समय कार में मौजूद था।



