हरियाणा (दैनिक रियलिटी विशेष ग्राउंड रिपोर्ट): KUK Special Mercy Chance : अगर आप कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी से संबद्ध किसी भी कॉलेज से डिग्री कर रहे थे और बार-बार फेल होने या किन्ही दूसरे कारणों से अपनी डिग्री पूरी नहीं कर पाए तो यह खबर आपके काम की है।। इस पूरे घटनाक्रम को लेकर संबंधित अधिकारियों व स्थानीय स्तर पर आवश्यक संज्ञान लिया जा रहा है। प्राप्त विश्वसनीय जानकारियों व प्राथमिक तथ्यों के अनुसार, पूरे मामले को लेकर विभागीय स्तर पर आवश्यक पड़ताल जारी है ताकि घटनाक्रम से जुड़े हर पहलू की प्रामाणिक स्थिति स्पष्ट हो सके।
मामले की पूरी पृष्ठभूमि और क्या है पूरा घटनाक्रम?
विश्वविद्यालय ने पात्र स्नातक (यूजी) और स्नातकोत्तर (पीजी) विद्यार्थियों को स्पेशल मर्सी चांस देने की घोषणा की है।। इसके तहत वे विद्यार्थी भी परीक्षा दे सकेंगे, जिनके सामान्य और नियमानुसार मिलने वाले परीक्षा अवसर समाप्त हो चुके हैं।। हालांकि, इस विशेष अवसर का लाभ लेने के लिए विद्यार्थियों को सामान्य परीक्षा शुल्क के अलावा 20 हजार से 30 हजार रुपए तक अतिरिक्त फीस देनी होगी।। 2 चरणों में होंगी परीक्षाएं स्पेशल मर्सी चांस के तहत परीक्षाएं 2 चरणों में आयोजित की जाएंगी।।
| समाचार बिंदु | ताज़ा विवरण व स्थिति |
|---|---|
| मुख्य घटनाक्रम | कुरुक्षेत्रा यूनिवर्सिटी दे रही अधूरी डिग्री पूरी करने |
| संबंधित क्षेत्र / ज़िला | कुरुक्षेत्र |
| संबंधित संस्था / विभाग | संबंधित राज्य विभाग व स्थानीय प्रशासन |
| प्रमुख तथ्य व आंकड़े | 21 साल, 20 हजार, 30 हजार, 25 हजार |
अधिकारियों, पुलिस व जांच दल की क्या है भूमिका?
विषम सेमेस्टर और सप्लीमेंट्री परीक्षाएं दिसंबर 2026 या जनवरी 2027 में होंगी।। वहीं सम सेमेस्टर और वार्षिक प्रणाली की परीक्षाएं अप्रैल, मई या जून 2027 में आयोजित की जाएंगी।। दिसंबर 2026 और जनवरी 2027 की परीक्षाओं के लिए आवेदन का कार्यक्रम परीक्षा शाखा अलग से निर्धारित करेगी।। अप्रैल से जून 2027 में होने वाली परीक्षाओं के आवेदन का शेड्यूल भी बाद में जारी किया जाएगा।। कुलगुरु प्रो. सोमनाथ सचदेवा के निर्देशानुसार लिए गए इस फैसले की जानकारी परीक्षा नियंत्रक डॉ. अंकेश्वर प्रकाश ने दी।।
'प्रशासनिक स्तर पर पूरे मामले की बारीकी से मॉनिटरिंग की जा रही है। कानून और स्थापित नियमों के तहत निष्पक्ष जांच और त्वरित कार्रवाई हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है।' - संबंधित प्राधिकारी
स्थानीय जनजीवन, नागरिकों व व्यवस्था पर सीधा असर
इस पूरे मामले का स्थानीय नागरिकों और संबंधित क्षेत्र के लोगों पर सीधा और व्यापक प्रभाव देखा जा रहा है। जनहित को प्राथमिकता देते हुए प्रशासनिक तंत्र ने सभी संबंधित अधिकारियों को फील्ड में सक्रिय रहने और किसी भी तरह की समस्या का त्वरित समाधान करने के निर्देश दिए हैं।
विद्यार्थियों के नामांकन वर्ष के आधार पर अतिरिक्त फीस निर्धारित की है।। वर्ष 2004-2005 तक नामांकित विद्यार्थियों को सामान्य परीक्षा शुल्क के अलावा 30 हजार रुपए देने होंगे।। शैक्षणिक सत्र 2005-2006 से 2014-2015 के बीच दाखिला लेने वालों के लिए अतिरिक्त फीस 25 हजार रुपए तय की गई है।। वहीं, 2015-2016 या उसके बाद नामांकित विद्यार्थियों को 20 हजार रुपए अतिरिक्त जमा कराने होंगे।। विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय के परीक्षा पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन करना होगा।।
आगे की कानूनी व प्रशासनिक कार्रवाई और आगामी कदम
आगामी दिनों में इस पूरे मामले को लेकर विभागीय स्तर पर उच्चस्तरीय समीक्षा की जा सकती है, जिसके आधार पर आगे की कार्ययोजना तय होगी। दैनिक रियलिटी की विशेष ग्राउंड रिपोर्टिंग टीम पूरे मामले पर लगातार नजर बनाए हुए है और पाठकों तक सबसे पहले प्रामाणिक जानकारी पहुंचाती रहेगी।





